टिकटॉक वीडियो बनाने के चक्कर में गर्दन टूटी, जान चली गई



मशहूर अमेरिकी राइटर मार्क ट्वेन की एक लाइन है 'Everything has a limit…' यानी कि हर चीज़ की एक सीमा होती है. इस लाइन का इस्तेमाल अक्सर लोग-बाग किया करते हैं. आपने भी किया होगा. आज कर्नाटक की एक खबर देखकर अचानक से ही दिमाग में ये लाइनें दौड़ पड़ी, सोच में पड़ गया कि वाकई में मार्क ट्वेन ने सही ही लिखा है कि ‘हर एक चीज़ की सीमा होती है’.
बात कर्नाटक की एक खबर की कर रहे हैं. यहां एक युवक TikTok पर बनाने के लिए कलाबाजी कर रहा था. लेकिन उसकी टाइमिंग बिगड़ गई और ज़मीन पर सिर के बल गिर गया. इस हादसे में उसकी रीढ़ की हड्डी टूट गई, फिर उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया जहां उसकी मौत हो गई.
अब देखने से पहले एक चेतावनी- हो सकता है देखने पर आपको अच्छा ना लगे, आप ये भी कहे सकते हैं कि दिन खराब हो गया.

ये घटना 18 जून की है. जब कर्नाटक के तुमकुरू ज़िले का रहने वाला कुमार अपने दोस्तों के साथ मैदान में घूम रहा था. तभी उसे TikTok पर बनाने की सूझी. एक दोस्त बनाने लगा तो दूसरा दोस्त स्टंट कराने के लिए उसके सामने खड़ा हो गया. बाकायदा को स्लो मोशन में शूट किया गया, ताकि स्टंट की बारीकियां दुनिया को दिखाई जा सके. लेकिन वो स्टंट (बैक फ्लिप)ठीक से नहीं कर पाया और उसकी रीढ़ की हड्डी टूट गई. दोस्तों ने आनन-फानन में अस्पताल में भर्ती कराया, 8 दिन वो मौत से जंग लड़ता रहा. और आखिर में उसकी मौत हो गई. कुमार की उम्र सिर्फ 22 साल थी, वो अपने परिवार के लिए अकेला कमाने वाला था, जिसके लिए वो लोकल ऑर्केस्ट्रा में सिंगर और डांसर के रूप में काम किया करता था.
इंडियन एक्सप्रेस की खबर के मुताबिक परिवार ने बताया कि उसके पास खुद का स्मार्ट फोन भी नहीं था, उसके दोस्त वो शूट कर रहे थे, जिसमें कुमार की जान चली गई.

ये सीख है हमारे लिए भी कि उन छोटे-छोटे अक्षरों में लिखी चेतावनी को ध्यान से पढ़ें- कृपया इसे घर में ट्राई न करें. या फिर सारे स्टंट विशेषज्ञों की देखरेख में किए गए हैं. ये सीख तो है, लेकिन बहुत महंगी, इसके लिए एक को अपनी जान से हाथ धोना पड़ा था.

0 comments